कार्तिक महात्यम् कथा- विस्तारपूर्वक जानिए कार्तिक मास की कथा का छठा अध्याय
कार्तिक माह माहात्म्य छठा अध्याय नारद जी बोले – जब दो घड़ी रात बाकी रहे तब तुलसी की मृत्तिका, वस्त्र
Read Moreकार्तिक माह माहात्म्य छठा अध्याय नारद जी बोले – जब दो घड़ी रात बाकी रहे तब तुलसी की मृत्तिका, वस्त्र
Read Moreकार्तिक मास की एकादशी को रमा एकादशी का व्रत रखा जाता है। इस बार एकादशी तिथि ११ नवंबर से शुरू
Read More।।आप सभी का मंगल हो।। दिनाँक 11/11/2020 दिन बुद्धवार का पञ्चाङ्ग विक्रम संवत्:-2077(प्रमादी नामक) शक संवत:-(शर्वरी नामक) सूर्य:-दक्षिणायन सूर्योदय:-प्रातः06:34
Read More।।आप सभी का मंगल हो।। दिनाँक 10/11/2020 दिन मंगलवार का पञ्चाङ्ग विक्रम संवत2077(प्रमादी नामक) शक संवत(शर्वरी नामक) सूर्य-दक्षिणायन सूर्योदय:-प्रातः0633 सूर्यास्त:-शायं
Read Moreकार्तिक माह महात्म्य पांचवाँ अध्याय राजा पृथु बोले – हे नारद जी! आपने कार्तिक मास में स्नान का फल कहा,
Read Moreएक नगर में एक साहूकार रहा करता था। उसके सात लड़के थे, सात बहुएं तथा एक पुत्री थी। दीपावली से
Read Moreभाग ११ मीरा यूँ तों श्याम कुन्ज में अपने गिरधर को रिझाने के लिये प्रतिदिन ही गाती थी, पर आज
Read More।।आप सभी का मंगल हो।। दिनाँक 09/11/2020 दिन सोमवार का पञ्चाङ्ग विक्रम संवत:-2077(प्रमादी नामक) शक संवत(शर्वरी नामक) सूर्य:-दक्षिणायन सूर्योदय:-प्रातः06:32 सूर्यास्त:-शायं
Read Moreभाग १० आज श्री कृष्ण जन्माष्टमी है। राजमन्दिर में और श्याम कुन्ज में प्रातःकाल से ही उत्सव की तैयारियाँ होने
Read Moreकार्तिक माह महात्म्य चौथा अध्याय बंदऊँ अवध पुरी अति पावनि। सरयू सरि कलि कलुष नसावनि।। क्रमशः—- नारदजी ने कहा –
Read More