सम्पादकीय

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रविवारीय- अगले जन्म में मनुष्य नहीं, विदेशी नस्ल का कुत्ता बनना चाहता है मनु! आखिर क्यों ?

अगले जन्म में मनुष्य नहीं, विदेशी नस्ल का कुत्ता बनना चाहता है मनु! ऐसा माना जाता है कि मनुष्य को

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मंदिर में भगवान, बाहर ख़ामोश बुज़ुर्ग, “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- क्या हमारी संवेदनाएँ मर रही हैं ?

मंदिर के सामने बैठा वह बुज़ुर्ग रोज़ाना मैं उस मंदिर के सामने से गुज़रता हूँ । गली के एक मुहाने

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जब ‘फ़्लैशबैक’ पढ़ते-पढ़ते अपनी ही ज़िंदगी की कहानियाँ याद आने लगें

पुस्तक समीक्षा- अभिषेक सिंह मनीष वर्मा ‘मनु’ की ‘फ़्लैशबैक’ महज़ एक पुस्तक नहीं है; यह अतीत की एक ऐसी झलक

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शैक्षणिक पत्रिकाएँ वे माध्यम हैं जिनके सहारे वैज्ञानिक शोध-विचारों का आदान-प्रदान होता है और विषयगत ज्ञान जन-जन तक पहुँचता है

संकलनकर्ता- श्री प्रमोद कुमार, शिक्षाविद। प्रस्तावना: शैक्षणिक पत्रिका (जिसे विद्वत् पत्रिका, सहकर्मी-समीक्षित पत्रिका या रेफ़री पत्रिका भी कहते हैं) एक

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थोड़ा काम, थोड़ा सफ़र, थोड़ा अपने लिए, “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- ज़िंदगी में संतुलन साधने की क़वायद

संतुलन साधने की क़वायद घुमक्कड़ हूँ मैं। घुमक्कड़ी मेरा शौक है। हाँ! घुमक्कड़ प्रजाति का फ़िलहाल नहीं हूँ, पर भविष्य

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दोस्ती, लाइक्स और फॉलोअर्स का कारोबार, “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- जब सोशल मीडिया के रिश्ते भी ‘लेन-देन’ बन जाएँ

मैं शून्य हूँ !!!! चलिए, आज आपको कुछ वैसी बातें बताते हैं, जिन्हें आप और हम सभी जानते हैं; पर

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हिंदी को पखवाड़े तक सीमित क्यों रखें ? “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- स्वाभिमान और आत्मविश्वास से अपनाने की जरूरत

हिंदी दिवस पर विशेष हिंदी दिवस का आग़ाज़ हो गया है और हम सभी इस सालाना पर्व को मनाने के

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जब संदेशों के साथ आता था इंतज़ार, “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- बैरंग पत्र से टेलीग्राम तक की सुनहरी यादें

बैरंग पत्र पुरानी यादें भी कहाँ पीछा छोड़ती हैं।न चाहते हुए भी गाहे – बगाहे आपके सामने आकर खड़ी हो

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वो सोन पापड़ी वाला बचपन, “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- जब मिठाई के लिए इंतज़ार भी एक खुशी हुआ करता था

बचपन की अपनी मिठाई सोन पापड़ी कब सोहन पापड़ी हो गई, पता ही नहीं चला। हालाँकि, कहीं इसे सोन पापड़ी

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चाय बहाना है, साथ ज़रूरी है, “मनु की रविवारीय” में पढ़िए- रिश्तों को गर्माहट देती एक प्याली चाय

एक प्याली चाय 🍵 आप और हम चाय को सिर्फ और सिर्फ चाय पीने के तौर पर इस्तेमाल करते हैं,

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