सम्पादकीय

सम्पादकीय

डॉक्टर रेप और हत्याकांड” सजा ऐसी हो कि ऐसे अपराधियों की रूह कांप जाए, “रविवारीय” में पढ़िए नरपिशाच पर भी सियासत

एक अजीब सी फीलिंग हो रही है। एक ही साथ कई तरह के भाव उत्पन्न हो रहे हैं। क्षोभ, दुःख,

Read More
सम्पादकीय

वैचारिक अंतरधारा, सिद्धांतों को कुचला या नष्ट नहीं किया जा सकता

विचार और सिद्धांत व्यक्ति के अंदर की अतः प्रज्ञा होती है। और यह सिद्धांत तथा अंतः विचारधारा जनमानस तक पहुंचने

Read More
सम्पादकीय

कोचिंग सेंटर के कारनामों का काला चिट्ठा देश के सामने आना चाहिए

आखिर हत्यारी कोचिंग की जरूरत क्या है? कोचिंग तो किसी व्यक्ति का निजी होगा।यह गर्वनमेंट का तो लगता नहीं। तो

Read More
सम्पादकीय

कंप्यूटर के माध्यम से शिक्षा, बच्चों में ज्ञान की संभावनाओं में विस्तार

भारत में विभिन्न विभागो में डिजिटलाइजेशन शुभ संकेत की तरह दिखाई दे रहे हैं। विशेष तौर पर शिक्षा जगत तथा

Read More